स्वाइन फ्लू होने पर क्या है इलाज:-

स्वाइन फ्लू एक वायरस से होने वाला संक्रमण है। यह एक वायरस के लिए नामित है जिसे सूअर मिल सकते हैं। लोगों को आमतौर पर स्वाइन फ्लू नहीं होता है, लेकिन मानव संक्रमण और हो सकता है। 2009 में H1N1 नामक स्वाइन फ्लू के एक तनाव ने दुनिया भर में कई लोगों को संक्रमित किया।

स्वाइन फ्लू इन्फ्लूएंजा वायरस के एक तनाव के कारण होता है जो आमतौर पर केवल सूअरों को संक्रमित करता है। टाइफस के विपरीत, जिसे जूँ या टिक्सेस द्वारा प्रेषित किया जा सकता है, संचरण आमतौर पर व्यक्ति से व्यक्ति में होता है, न कि पशु से व्यक्ति में। आप ठीक से पकाए गए पोर्क उत्पादों को खाने से स्वाइन फ्लू नहीं पकड़ सकते।
क्‍या है स्‍वाइन फ्लू : स्वाइन फ्लू का वायरस बहुत संक्रामक है। इंफ्लूएंजा ए स्‍वाइन फ्लू ... स्‍वाइन फ्लू से बचाव के घरेलू उपचार. फ्लू का असर शरीर पर कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता होने पर सबसे ज्‍यादा होता है।,स्वाइन फ्लू होने पर क्या है इलाज:-, स्वाइन फ्लू होने पर क्या करे|

जिन लोगों में यह होता है, वे एक दिन पहले फैल सकते हैं, जब तक कि उनके कोई लक्षण न हों और उनके बीमार होने के 7 दिन बाद। बच्चे 10 दिनों तक संक्रामक हो सकते हैं।
नाम के बावजूद, आप स्वाइन फ्लू को बेकन, हैम या किसी अन्य पोर्क उत्पाद से नहीं पकड़ सकते।


यहां स्वाइन फ्लू के बारे में कुछ मुख्य बातें बताई गई हैं।
  • स्वाइन फ्लू सामान्य रूप से H1N1 इन्फ्लूएंजा उपप्रकार का था। हालांकि, 2017 के बाद से, H3N2 उपप्रकार प्रमुख तनाव बन गया है।
  • सूअर को पकड़ने के लिए मानव के लिए सबसे आम तरीका सुअर के संपर्क में है।
  • वर्तमान में स्वाइन फ्लू के लिए एक टीका है जो मानक मौसमी फ्लू शॉट्स के साथ शामिल है।
  • स्वाइन फ्लू के लक्षणों में मौसमी फ्लू के समान खांसी, ठंड लगना और दर्द शामिल हैं।

स्वाइन फ्लू होने पर क्या करे:-
यदि आपको स्वाइन फ्लू हो जाए तो वैध की राय से इनमे से कोई एक उपाय करे:-
क्‍या है स्‍वाइन फ्लू : स्वाइन फ्लू का वायरस बहुत संक्रामक है। इंफ्लूएंजा ए स्‍वाइन फ्लू ... स्‍वाइन फ्लू से बचाव के घरेलू उपचार. फ्लू का असर शरीर पर कमजोर रोग प्रतिरोधक क्षमता होने पर सबसे ज्‍यादा होता है।,स्वाइन फ्लू होने पर क्या है इलाज:-, स्वाइन फ्लू होने पर क्या करे|
  • त्रिभुवन कीर्ति रस या गिदन्ती र्स या सञ्जीवनी बुटी या भूमी आन्वला ले। यह सभी एण्टी-वायरल है।
  • साधारण बुखार होने पर अग्निकुमार रस की दो गोली दिन मे तीन बार खाने के बाद ले।
  • बिल्वादि तैब्लेट दो गोली दिन मे तीन बार खाने के बाद ले।
स्वाइन फ्लू होने पर क्या है इलाज:-
  • बीमारी के शुरूआती दौर के लिए जब खान्सी-जुकाम व हल्का बुखार महसुस हो रहा हो तब इनमे से कोइ एक दवा डोक्टर की सलाह से ले सकते है- ACONITE 30, BELLADONA 30, BRYONIA 30, RHUS TOX 30, चार-पाञ्च बून्दे दिन मे तीन बार।
  • अगर फ़्लू के मरिज को उलटिया आ रही हो और डायरिया भी हो तो नक्स वोमिका(NUX VOMICA 30), पल्सेटिला(PULSATILLA 30), इपिकोक(IPECOC 30) कि चार बून्दे, दिन मे तीन से चार बार ले सकते है।
  • जब मरीज को सान्स की तकलीफ ज्यादा हो और फ़्लू के दुसरे लक्श्ण भी अधिक हो रहे हो तो इसे फ़्लू की एड्वान्स्ड स्टेज कहते है। इस्के लिए आर्सेनिक अल्बम(ARSENIC ALBUM 30) की चार बून्दे,दिन मे तीन-चार बार ले

स्वाइन फ्लू होने पर क्या है इलाज:- स्वाइन फ्लू होने पर क्या है इलाज:- Reviewed by we are with you on January 08, 2019 Rating: 5

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